Connect with us

देश

शहीद हुए जवान की सूचना गांव पहुंची, जवान ने खुद फोन करके बताया, मैं जिंदा हूं

Published

on

India China border
Photo: Social Media

New Delhi ( 18 June 2020 Parmjeet Bhakna

Advertisement
):- भारत और चीन के बीच कई दिनों से हिंसक झड़पें चल रही हैं. जिसके चलते बॉर्डर पर तनाव बना हुआ है सोमवार की रात इंडियन आर्मी और चाइनीस आर्मी में खूब लड़ाई हुई.जिसके चलते भारत के कई जवान शहीद हो गए और चाइना के कई फौजी भी मारे गए लद्दाख की गलवान घाटी में सोमवार को बड़ी हिंसक झड़प हुई. बिहार के जो 5 जवान शहीद हुए थे उनमें से एक बिहार के सारण जिले का सुनील राय जिसके सलामत होने की सूचना सामने आने के बाद पूरे गांव में मातम के बाद खुशी छा गए.एक ही नाम होने की गलतफहमी के कारण ऐसा हुआ।

भारतीय सेना का बड़ा बयान, बहादुर जवानों का शहादत बेकार नहीं जाएगा जल्द लिया जाएगा, यह फैसला.?

सुनील के परिजनों ने सेना के अधिकारियों से बातचीत करते हुए बताया कि गलतफहमी के कारण गलत सूचना उनके घर आ गई. लेकिन लद्दाख में सुनील पूरी तरह से अब ठीक है वही जवान सुनील राय ने अपने परिजनों को फोन कर कर अपनी पूरी सलामती की खबर दी. जिसके बाद मातम का माहौल खुशियों में बदल गया. आप सबको बता दें कि भारत और चाइना के बॉर्डर के ऊपर कई दिनों से विवाद चल रहा है और हिंसक टकराव भी हो रहे हैं और इन टकराव के बीच भारत के 20 जवान शहीद हो गए. चीन के भी कई जवान इस हिंसक टकराव के अंदर मारे जा चुके हैं. भारत और चीन के सैनिकों के बीच हुई झड़प के बाद बिहार के जवान भारत माता की खातिर हंसते-हंसते शहीद हो गए.बिहार जवानों ने झड़प में अपनी जान की बाजी लगा दी.राज्य के चंचौरा के संजय, भोजपुर के कुंदन ओझा, सहरसा के कुंदन कुमार ने वीरगति प्राप्त कर ली

चीनी सेना को भारतीय सीमा से पीछे खदेड़ने वाले, जांबाज कर्नल संतोष बाबू ,जिन्होंने बहादुरी के साथ यह काम पहले किया

वही आपको यह भी बता देंगे. शहीद जवान कुंदन ओझा मूल रूप से बिहिया थाना क्षेत्र के पहरपुर थाने का रहने वाला बताया जा रहा है. इसके पिता का नाम रविशंकर ओझा है. उनका परिवार करीब 3 साल से झारखंड के राज्य के साहेबगज में रह रहा है. मंगलवार के दिन जब शाम को बेटे की शहादत की खबर परिवार को मिली तो पूरा गांव गमगीन माहौल में डूब गए कुंदन के पैतृक गांव के अंदर भी कोहराम सा मच गया. सब तरफ उस वीर जवान की बातें होनी शुरू हो गई कुंदन अपने पहले बच्चे को देखने से पहले ही शहीद हो गए।

देश के जवानों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा – पीएम मोदी

मंगलवार की रात भारत चीन सीमा पर सहरसा जिले की बिशनपुर पंचायत के आरण गांव के एक वीर जिनका नाम कुंदन कुमार है. वह देश के लिए शहीद हो गए और उनकी सूचना गांव में दी गई. सूचना मिलने के बाद गांव के लोग सस्तब्ध हैं. परिजनों ने खबर मिलने की पुष्टि करते हुए कहा कि उनको फोन से सूचना मिली है. उसके बाद हर कोई समाचार सुनने के लिए टीवी, रेडियो और दूसरे माध्यम से ज्यादा जानकारी कट्ठे करने में जुट गए.

आपको बता दें कि भारत और चाइना बॉर्डर के ऊपर तनाव दिन प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है. जिसको देखते हुए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 19 तारीख को एक बैठक बुलाई है. जिसके बाद फैसला लिया जाएगा कि देश के इन शहीदों का बलिदान देश के लिए जो हुआ है वह व्यर्थ ना चला जाए इसीलिए तीनों सेनाओं को बॉर्डर पर हाई अलर्ट कर दिया है.

Trending