Connect with us

विदेशी

सीमा पर चीनी सैनिकों की हलचल तेज, भारतीय सेना ने भी सैनिक बढ़ाए

Published

on

Indian Army
Photo By : ADG PI - INDIAN ARMY

नई दिल्ली, ( न्यूज़ डैक्स ) 24 मई:- चीन लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा के पास पैंगोंग त्सो झील और गलवान घाटी के नजदीक के क्षेत्रों में बहुत तेजी के साथ अपनी सेना की शक्ति को बढ़ा रहा है| यह देख कर यह साफ हो गया कि भारतीय सेना के साथ अपने टकराव को चीन खत्म करने की तैयारी में नहीं है| विवादित क्षेत्र की स्थिति को जानकर स्थानीय लोगों ने बताया कि चीन ने पैंगोंग त्सो झील और गलवान घाटी में अपने सैनिकों की भारी मौजूदगी बढ़ानी शुरू कर दी है|

Advertisement

Punjabi Food Seva के सभी कार्यों की मेयर पैट्रिक ब्राउन ने जमकर तारीफ की

भारतीय सैनिकों के कड़े विरोध किए जाने के बावजूद पिछले 2 सप्ताह से चीनी फौज ने करीब 100 टेंट लगा लिए हैं| बंकरों के संभावित निर्माण के लिए मशीनरी लगा दी है| इस बढ़ते तनाव के बीच सेना प्रमुख जनरल एमएस नरवाने ने शुक्रवार के दिन लेह में 14वीं कोर के मुख्यालय का एक खास दौरा किया और शीर्ष कमांडरों के साथ क्षेत्र के संग्रह पूरी सुरक्षा की परिस्थितियों की समीक्षा भी की है|

Punjab में घरेलू उड़ानें,बसों और हवाई जहाज से दाखिल होने वाले को 14 दिनों के लिए जायेगा क्वारंटाइन

सेना के सूत्रों के द्वारा जो जानकारी मिली है उसमें कहा गया कि भारतीय सेना भी मुंहतोड़ जवाब देने के लिए पैंगोंग त्सो झील और गुणवान घाटी चीन के मुकाबले अपने सैनिकों की संख्या को बढ़ा रहे हैं| उल्लेखनीय है कि 5 मई की शाम लगभग 250 चीनी और भारतीय सैनिकों के बीच मारपीट के बाद पूर्वी लद्दाख के इस हिस्से में स्थिति बिगड़ गई। इस घटना में दोनों पक्षों के 100 जवान घायल हुए थे। पैंगोंग त्सो में हुई घटना के बाद नौ मई को उत्तरी सिक्किम में नाकुला पास में भी इसी तरह की घटना हुई थी।

Photo By : ADG PI – INDIAN ARMY

T 20 वर्ल्ड कप के बाद IPL है दुनिया है बेस्ट टूर्नामेंट – जोस बटलर

पिछले 1 सप्ताह से पूर्वी लद्दाख क्षेत्र के अंदर चीनी सैनिकों के द्वारा कई हमलों की खबरें निकल कर आई थी हालांकि इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है| पिछले 1 सप्ताह के अंदर दोनों पक्षों के स्थानीय कमांडरों ने कम से कम 5 बैठकें कर ली हैं| इन बैठकों के अंदर भारतीय पक्ष ने पीपल ब्रेशन आर्मी (पीएलए) द्वारा गलवान घाटी के अंदर बड़ी संख्या में टेंट लगाने के मुद्दे को जोरदार ढंग से उठाया था. भारतीय क्षेत्र को अपनी सीमा में मानता है|

कुवैत में फंसा गुरदासपुर का बीमार युवक, घर वालों ने वापिस लाने की लगाई गुहार

दूसरी तरफ भारतीय सेना ने शनिवार को उन सभी खबरों का खंडन कर दिया। जिसमें यह कहा गया था कि पूर्वी लद्दाख सेक्टर के अंदर चीनी सैनिकों ने भारतीय सेना के गश्ती दल को हिरासत में ले लिया है| सेना के सूत्रों ने यह भी बताया कि यह सच नहीं है| भारतीय सेना के सैनिकों को हिरासत में ले जाने की रिपोर्ट ऐसे समय पर दी जा रही हैं| जब दोनों देश पूर्व लद्दाख में गलवां नाला क्षेत्र के नजदीक कम से कम तीन मुख्य बिंदु पर आमने-सामने खड़े हैं| भारत और चीन के क्षेत्र कमांडर तनाव को खत्म करने के लिए बातचीत कर रहे हैं| लेकिन इससे स्थिति में बहुत बदलाव नहीं होता नजर आ रहा है|

Punjab में कोरोना के 14 नए मामले सामने आए, ताजा आंकड़े जारी

भारत ने गुरुवार को यह बात भी कही थी. कि चीनी सेना भारतीय सैनिकों द्वारा सामान्य कष्ट में बाधा डाल रही है| उसमें यह भी बताया भारत सीमा प्रबंधन के लिए हमेशा ही बहुत ज्यादा जिम्मेदारी दृष्टिकोण को अपनाता आया है| एक मीडिया ब्रीफिंग के अंदर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने बताया कि चीन के इस तर्क का जोरदार खंडन किया है| भारतीय सेना द्वारा चीनी पक्ष पर अत्याचार के कारण तनाव ज्यादा पैदा हुआ है|

चीन से बढ़ती तनातनी के बीच भारतीय थल सेना अध्यक्ष एमएस नरवाने भी वास्तविक भारतीय निरंतर रेखा एलओसी पर पहुंचे हैं और वहां गलवा घाटी में उन्होंने चीनी सैनिकों के जमावड़े से पैदा हुए हालातों की पूरी जानकारी ली| भारतीय सेना प्रमुख ने भारतीय जवानों का हौसला भी बढ़ाया सेना के प्रमुख ने पूर्व लद्दाख में सेना की ऑपरेशन तैयारी का भी जाकर जायजा लिया और उत्तरी कमान में लद्दाख की पूरी सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाली सेना की 14वीं कोर के सीनियर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक भी की है|

Trending